ऐक्शन-कॉमेडी दोनों हैं चांदनी चौक टू चाइना में : रोहन सिप्पी


कई फिल्में बना चुके रोहन सिप्पी की नई फिल्म है चांदनी चौक टू चाइना। अक्षय कुमार और दीपिका पादुकोण अभिनीत इस फिल्म को लेकर उनसे बातचीत हुई। प्रस्तुत हैं उसके अंश..
फिल्म का आइडिया कैसे आया?
श्रीधर राघवन ने यह फिल्म लिखी है। कहानी अक्षय कुमार को पसंद आ गई। दोनों उस पर काम कर रहे थे। पहले इसे श्रीराम राघवन डायरेक्ट करने वाले थे, लेकिन वे किसी और प्रोजेक्ट में व्यस्त हो गए। इस बीच सलाम-ए-इश्क रिलीज हुई। मेरी निखिल से बात हुई। उन्हें भी फिल्म की स्क्रिप्ट पसंद आई। इस तरह फिल्म शुरू हो गई।
अक्षय की निजी जिंदगी और फिल्म की कहानी में समानता है?
श्रीधर ने उनके साथ खाकी में काम किया था। उस फिल्म के समय ही इसका आइडिया आया था। फिल्म और उनकी निजी जिंदगी में कुछ बातें एक जैसी जरूर हैं, लेकिन दोनों में काफी अंतर भी है। सबसे बड़ा अंतर यही है कि फिल्म का अंत है, लेकिन अक्षय का करियर तो लगातार आगे बढ़ता जा रहा है! फिल्म में कुछ ऐसे तत्व हैं, जिनमें उनकी जिंदगी की झलक मिल सकती है। हम सभी जानते हैं कि वे इस फिल्म के पहले चीन नहीं गए थे। हमारी कहानी का एक हिस्सा चीन में ही है। यह एक आम लड़के की कहानी है, जो अपने बूते ही सब कुछ हासिल करता है। इस फिल्म इंडस्ट्री में उनका कोई गॉडफादर नहीं रहा। उन्होंने छोटी फिल्मों से शुरुआत की और मेहनत से मुकाम तक पहुंचे हैं।
फिल्म की घोषणा के समय कहा गया था कि इसमें अक्षय ऐक्शन करेंगे?
हां, ऐक्शन है, लेकिन साथ में कॉमेडी भी है। श्रीधर ने ऐक्शन के दृश्यों में भी कॉमेडी रखी है। ऐक्शन में केवल मारधाड़ नहीं है। फिल्म में अक्षय को कॉमिक कैरेक्टर दिया गया है। फिल्म में दिखाया गया है कि वे बाद में मार्शल आर्ट सीखते हैं। हमारी कोशिश है कि दर्शकों का भरपूर मनोरंजन हो।
यह जैकी चेन की फिल्मों जैसी है?
चार्ली चैप्लिन के समय से ही यह चला आ रहा है। कॉमेडी और ऐक्शन का अच्छा तालमेल हो, तो दर्शकों को मजा आता है। इसे देखते हुए लोग हंसने के साथ ही चौंकेंगे भी। फिल्म में कॉमेडी से ज्यादा ह्यूमर है। श्रीधर, निखिल और अक्षय ने मिलकर फिल्म को गजब की एनर्जी दी है।
आप निर्देशक हैं, लेकिन निर्माता के रोल में भी ऐक्टिव हैं। इसकी वजह?
अपने प्रोडक्शन हाउस की सारी फिल्में मैं अकेले डायरेक्ट नहीं कर सकता! कुछ प्रोजेक्ट्स दूसरे डायरेक्टर करेंगे और कुछ मैं करूंगा। हम लोग छोटी-बड़ी हर तरह की फिल्में बना रहे हैं। जब जो रोल मिलेगा, उसे अच्छी तरह निभाना है। हर फिल्म के लिए फ्रेश टैलेन्टेड टीम खड़ी करना भी एक चुनौती है।
फिल्म की क्या कहानी है?
दिल्ली के चांदनी चौक का एक लड़का कैसे चाइना पहुंच जाता है, यह कॉसेप्ट ही मजेदार है। अक्षय ही इस रोल को निभा सकते थे। फिल्म की कहानी और घटनाओं के बारे में बताना उचित नहीं होगा। चीन के प्रति दर्शकों की जिज्ञासा बनी हुई है। हमने पूरी दुनिया फिल्मों के जरिए देखी है, लेकिन चीन नहीं देखा था। चीन और वहां के मार्शल आर्ट को हमने इसमें समाहित किया है।
चीन में चांदनी.. रिलीज होगी?
कोशिश तो है, लेकिन चीन के अपने नियम-कानून हैं। अगर संभव हुआ, तो यह फिल्म वहां के दर्शक देख सकेंगे।
चीन में शूटिंग का अनुभव कैसा रहा?
अनोखा देश है चीन। यह विशाल, सुंदर और बड़ा है। चीन की लंबी दीवार पर शूटिंग करने में ज्यादा मजा आया। हर दिन हम लोग 500-600 सीढि़यां चढ़कर ऊपर जाते थे। वहां शूटिंग करते थे। हम लोगों ने shanghai में भी शूटिंग की है।

Comments

Vinay said…
आपका सहयोग चाहूँगा कि मेरे नये ब्लाग के बारे में आपके मित्र भी जाने,

ब्लागिंग या अंतरजाल तकनीक से सम्बंधित कोई प्रश्न है अवश्य अवगत करायें
तकनीक दृष्टा/Tech Prevue

Popular posts from this blog

लोग मुझे भूल जायेंगे,बाबूजी को याद रखेंगे,क्योंकि उन्होंने साहित्य रचा है -अमिताभ बच्चन

फिल्‍म समीक्षा : एंग्री इंडियन गॉडेसेस

Gr8 Marketing turns Worst Movies into HITs-goutam mishra