हरमन बवेजा बनाम इमरान खान

पिछली चार जुलाई को हरनाम बवेजा ने 'लव स्टोरी २०५०' और इमरान खान ने 'जाने तू या जाने ना' से अपनी मौजूदगी दर्शकों के बीच दर्ज की.अभी से यह भविष्यवाणी करना उचित नहीं होगा कि दोनों में कौन आगे जायेगा ?पहली फ़िल्म के आधार पर बात करें तो इमरान की फ़िल्म'जाने तू...'की कामयाबी सुनिशिचित हो गई है.'लव स्टोरी...' के बारे में यही बात नहीं कही जा सकती.हालाँकि चार जुलाई के पहले हरमन की फ़िल्म की ज्यादा चर्चा थी और इमरान की फ़िल्म छोटी मानी जा रही थी.वैसे भी हरमन की फ़िल्म ५० करोड़ में बनी है,जबकि इमरान की फ़िल्म की लगत महज १० करोड़ है।
चवन्नी को इसका अंदेशा था.सबूत है इसी ब्लॉग पर किया गया जनमत संग्रह.चवन्नी ने पूछा था की पहले किसकी फ़िल्म देखेंगे? २५ लोगों ने इस जनमत संग्रह में भाग लिया था,जिनमें से १७ ने इमरान की फ़िल्म पहले देखने की राय दी थी,बाकी ८ ने हरमन के पक्ष में मत दिए.चवन्नी को तभी समझ जाना चाहिए था कि दोनों फिल्मों के क्या नतीजे आने जा रहे हैं.चवन्नी ने एक पोस्ट के बारे में सोचा भी था।
हरमन और इमरान को मीडिया आमने-सामने पेश कर रहा है.मुमकिन है कि कुछ दिनों के अन्दर इस तरह के आलेख भी आने लगें कि इमरान ने हरमन को पछाड़ा.कोई शक नहीं कि 'जाने तू...' अच्छी चल रही है और उसकी तुलना में 'लव स्टोरी...' पिछड़ती जा रही है,किंतु सिर्फ़ इस आधार पर इमरान की जीत घोषित कर देना अनुचित होगा.अभी इश्क के इम्तेहान और भी हैं...इमरान की परीक्षा अगली फ़िल्म में होगी.हरमन को भी मौका मिलेगा कि वे अगली फ़िल्म में इस फ़िल्म की भरपाई कर सकें.उनकी अगली फ़िल्म अनीस बज्मी के साथ है,जो कामयाब फिल्मों के पर्याय बन गए हैं.इमरान कि अगली फ़िल्म संजय गडवी के साथ है,जिन्होंने धूम फिल्में बनाई थीं.हाँ कह सकते हैं कि पहले राउंड में इमरान आगे निकल गए हैं।
अगर दोनों के अभिनय क्षमता पर ध्यान देन तो ज्यादा अन्तर नहीं है.हरमन कुछ मामलों में आगे हैं.हिन्दी फिल्मों के अभिनेता के लिए आवश्यक नाच,गाना और मारधाड़ के लिए वे उपयुक्त हैं.उनके चेहरे में आकर्षण है,जो फिलहाल रितिक रोशन के नक़ल माना जा रहा है.जल्दी ही उनकी अपनी पहचान बन जायेगी.दूसरी तरफ़ इमरान का आम चेहरा उन्हें सहज और साधारण किरदारों के लिए अनुकूल ठहराता है.एक्शन दृश्यों में इमरान कैसे लगेंगे,कहना मुश्किल है।
आब आप कि बरी है.आप बताएं कि आप को कौन ज्यादा पॉपुलर होता दिख रहा है?

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